Yunani Rajnitik Vicharak (Vol. 1)
About the Book
यूनानी राजनीति विज्ञान की जननी है। सुकरात, प्लेटो और अरस्तू--एक गुरु-शिष्य परम्परा की कड़ी है। यूनानी राजनीतिक विचारक उसी कड़ी पर प्रकाश डालने का एक छोटा-सा प्रयास है। सुकरात--यूनान के ज्ञान क्षितिज पर सदा उदित भास्कर है। वह अपने समय का सबसे बड़ा न्यायी, ईमानदार और ज्ञानी व्यक्ति था। वह निःशुल्क उदार शिक्षा तथा द्वन्द्वात्मक पद्धति का जनक माना जाता है। उसका समस्त दर्शन 'गुण ही ज्ञान है और अज्ञान ही पाप है' पर आधृत है। प्लेटो--सुकरात का सबसे प्रिय शिष्य था। वह यूनान के बौद्धिक क्षितिज का स्थायी प्रकाशपुंज है। The Republic पुस्तक उसकी अमर कृति है। वह एक महान आदर्शवादी विचारक और साम्यवाद का जनक है। अरस्तू--प्लेटो का सबसे प्रिय शिष्य था। वह राजनीतिशास्त्र का पहला वैज्ञानिक विचारक है। Politic राजनीति विज्ञान पर उसकी अमूल्य निधि है। उसने 'मनुष्य एक सामाजिक प्राणी है' का नारा दिया, जो शाश्वत है। इस पुस्तक के अंतर्गत, एपिक्यूरियनवाद और स्टोहकवाद के सिद्धांतों, जैसे--प्राकृतिक कानून, मानवीय समानता, विश्वराज्य, विश्व-नागरिकता तथा विश्वबंधुत्व पर भी विस्तृत रूप से विचार किया गया है। राजनीतिक क्षितिज पर सुकरात, प्लेटो और अरस्तू सदा उदयमान भास्कर हैं, जिनका सूर्यास्त संभव नहीं है।
Language
Hindi
Publisher
Atlantic Publishers & Distributors (P) Ltd
Publication date
26 May 2012
ISBN-13
ISBN-10
- Binding
- Hardcover
- Original price (MRP)
- Rs. 895.00
- Item weight
- 510 g
- Author
- Chandra Deo Prasad
- Language
- Hindi
- Publisher
- Atlantic Publishers & Distributors (P) Ltd
- Publication date
- 26 May 2012
- ISBN-13
- 9788126917112
- ISBN-10
- 8126917113
Product details
- Binding
- Hardcover
- Original price (MRP)
- Rs. 895.00
- Item weight
- 510 g
- Author
- Chandra Deo Prasad
- Language
- Hindi
- Publisher
- Atlantic Publishers & Distributors (P) Ltd
- Publication date
- 26 May 2012
- ISBN-13
- 9788126917112
- ISBN-10
- 8126917113